Poem on Relation in Hindi

हमारी जिंदगी रिश्तों से जुड़ी हुई हैं। हम सभी की जिंदगी में रिश्तों का बहुत महत्व हैं। कुछ रिश्तें भगवान के द्वारा बनाये होतें हैं जैसे माता, पिता, भाई और बहन के रिश्तें और कुछ हमारे द्वारा जैसे दोस्ती और प्यार के रिश्तें। रिश्तें हमेशा प्यार और विश्वास पर टिके होतें हैं। रिश्ता कोई भी हो हमें उसे दिल से निभाना चाहिए। यदि रिश्ते मधुर हों तो हमारा जीवन खुशहाल बन जाता है। लेकिन रिश्तों में मनमुटाव और प्रेम भाव नहीं होने के कारण रिश्ते टूट जातें हैं। रिश्तें केवल खून के ही नहीं होतें कुछ रिश्तें भावनाओं से भी जुड़े होतें हैं। किसी भी रिश्तें को निभाने के लिए उनमे आपसी प्रेम, विश्वास और ईमानदारी का होना जरूरी होता हैं तभी रिश्तें अटूट बनतें हैं। अगर हमारी जिंदगी में रिश्तें नहीं हो तो हमे अकेलापन महसूस होने लगता हैं। रिश्तें हमारे सुख दुःख में हमारा साथ निभाते हैं और हमे जीवन में आगे बढ़ने में हमारी सहायता करतें हैं। इस पोस्ट हमने आपके लिए Poem on Relation in Hindi,अनमोल रिश्तों पर हिंदी पोएम प्रस्तुत की हैं इन पोयम्स के द्वारा आपको रिश्तों के महत्व समझने का मौका मिलेगा। आप इन पोयम्स को अपने दोस्तों और परिवार के साथ शेयर कर सकतें हैं।

Poem on Relation in Hindi

Poem on Relation in Hindi

 

1) रिश्ते हैं अनमोल हिंदी कविता

 

कुछ कुछ खट्टे कुछ कुछ मीठे होते हैं ये रिश्ते
यकीन की हो बुनियाद तो, कायम रहते है ये रिश्ते
अगर हो रंज ओ गम तो संग आंसू बहाते है ये रिश्ते
खुशियाँ बाँट अपनी सब संग, मुस्काते हैं ये रिश्ते
कभी रूठ जाते तो, कभी रूठों को मनाते हैं ये रिश्ते
होती नहीं है कोई कीमत इनकी, अनमोल है ये रिश्ते
कुछ कुछ खट्टे कुछ कुछ मीठे होते हैं ये रिश्ते

 

2) Short Poem on Relation in Hindi

 

रिश्तों को सीमाओं में नहीं बाँधा करते
उन्हें झूठी परिभाषाओं में ढाला नहीं करते

उड़ने दो उन्हें उन्मुक्त पंछियों की तरह
बहती हुई नदी की तरह
तलाश करने दो उन्हें अपनी सीमाएं
खुद ही ढूढ़ लेगे उपमाएं

होने दो वही जो क्षण कहे
सीमा वही हो जो मन कहे

 

3)  अनमोल रिश्ते पर प्यारी कविता हिंदी में

 

ये दुनिया बहुत बड़ी है,
इसमें बहुत से रिश्ते हैं।
हर रिश्ते में बहुत ख़ुशी है,
ये कोई झुठला नहीं सकता।
पिता के जैसी सीख,
कोई दे नहीं सकता।
माता के जैसा प्यार,
कोई कर नहीं सकता।
भाई के जैसी रक्षा,
कोई कर नहीँ सकता।
बहन के जैसा साथ,
कोई दे नहीँ सकता।
ये रिश्ते बहुत अनमोल हैं,
इन्हें कोई तोड़ नहीँ सकता।
चाहकर भी इनसे मुंह,
मोड़ नही सकता ।

– चारू चौधरी

 

4) Poem on Relation in Hindi

Rishte par Kavita Hindi Status

 

आकाश से पटल तक
जीव चलता मात्र रिश्तों पर
कुछ लंबे समय तक टिकते हैं
कुछ बीच में दम तोड़ देते हैं
कुछ रिश्ते पैसों से बनते हैं
कुछ प्रेम प्रतीक भी होते हैं
कुछ क्षण भर के, कुछ युग-युग के
रिश्तों पर जीवन टिकता है
रिश्तों से जीवन बनता है
रिश्तों में दरार, विश्वास की कमी
रिश्तों में मिठास, प्रेम अनुभूति
एक जीवन, अनेक रिश्ते
जीवन से जुड़े सारे रिश्ते
निर्जीव सजीव सभी रिश्ते
रिश्तों का प्रतीक, स्वयं रिश्ते

–सविता दत्ता

 

5) बारात सजी है रिश्तों की हिंदी कविता

 

दोतरफा सरहद पर क्या धूम मची है गश्तों की
कहानियाँ यहाँ हमने खूब रची है रिश्तों की

खोजती रही हो तुम आशियाने दुनिया भर के
इसी शहरके पिछवाडे, वहीं गली है रिश्तों की

जाहिर ये है के अब तो, हम दोस्त नहीं रह पाएंगे
बात यहाँ है अपनों की, बात चली है रिश्तों की

रोक नहीं अब पाऊंगा मैं ये बहाव इन अश्कों का
सदियों से इन नदियों में ही नांव चली है रिश्तों की

ले-देके मिलकियत बस इतनी जुटा पाया हूं मैं
चंद ख्वाब सजे हैं आँखों में और नमी है रिश्तों की

अमीर बडा कहलाता, भरे पडे खजाने पुश्तों से
मेहरबाँ जिंदगी भी है, सिर्फ कमी है रिश्तों की

क्या बटवारों की किश्तों से, बच निकलेंगी ये इमारतें
हाय! फिसलते रेत पे हमने नीव रखी है रिश्तों की

जरा जमीं पे आकर देखो, क्या रखा है जन्नत में
इन्सानों की बस्ती में बारात सजी है रिश्तों की !

–सतीश वाघमरे

 

6) रिश्ते निभाने पड़ते हैं कविता हिंदी में

 

रिश्ता भाई बहनों का हो या हो भाई भाई का
माँ बेटी का रिश्ता हो या बाप बेटे का

रिश्ते सभी निभाने पड़ते है अपने और अपनों के जीवन में
सब्र और त्याग से परिपक्व बनाने पड़ते है रिश्ते अपनों में

बच्चें हो या बुढ़ें सभी के बीच होते है रिश्ते
दोस्तों और दुश्मनों के बीच भी होते है रिश्ते

कोई रिश्ता खून का होता है तो कोई दोस्ती का होता है
कोई रिश्ता पैसों का होता है तो कोई मतलब का होता है
कहीं कोई अपने सम्मानीय व सहयोगियों से जुड़ता है
तो कही कोई आजकल राजनीतिक रिश्तों से जुड़ता है

रिश्तों में कही न कही परस्पर समर्पण होता है
रिश्तों में कहीं न कहीं सहयोग भी होता हैं.

रिश्तों में समर्पण और त्याग लाने पड़ते है
अन्तः हमें जीवन में रिश्ते निभाने पड़ते हैं.

 

7) अनमोल रिश्ते हिंदी कविता

 

ये कैसे हैं रिश्ते । अनमोल रिश्ते
ये धागे रिश्तों के । ये धागे हैं कैसे
मजबूत हो कर भी यह टूट जाते हैं
जाने यह कैसे । जाने यह कैसे
ये कैसे हैं रिश्ते । अनमोल रिश्ते

ये कैसा है दर्पण । अनमोल दर्पण
ये अक्स अपनों का । ये अक्स है कैसा
दिखाई देता है जिसमें सँसार अपनों का
मजबूत हो कर भी यह टूट जाता है
जाने यह कैसे । जाने यह कैसे

इस दर्पण मे मिले कितने रिश्ते
इस दर्पण मे बने कितने रिश्ते
देखे कितने रूप हमने रिश्तों के
साये कई हैं मेरे अपनों के
सामने होकर भी दर्पण बिखर जाता है कैसे
जाने यह कैसे । जाने यह कैसे
ये कैसे हैं रिश्ते । अनमोल रिश्ते

आये थे हम एक रिश्ते में । बंधे थे हम एक रिश्ते मे
बना दिये खुदा ने जाने कितने रिश्ते
मिलता रहा मैं हर रूप में । ये रूप हैं कैसे
किरदार कई हैं इन रिश्तों के । ये किरदार हैं कैसे
बचपन में एक होते हैं, और जवानी में छोड़ जाते
हैं कैसे जाने यह कैसे । जाने यह कैसे

 


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8) Poem on Relation in Hindi

 

मुलायम दूब पर,
शबनमी अहसास हैं रिश्ते
निभें तो सात जन्मों का,
अटल विश्वास हैं रिश्ते
जिस बरतन में रख्खा हो,
वैसी शक्ल ले पानी
कुछ ऐसा ही,
प्यार का अहसास हैं रिश्ते
कभी सिंदूर चुटकी भर,
कहीं बस काँच की चूड़ी
किसी रिश्ते में धागे सूत के,
इक इकरार हैं रिश्ते
कभी बेवजह रूठें,
कभी खुद ही मना भी लें
नया ही रंग हैं हर बार ,
प्यार का मनुहार हैं रिश्ते
अदालत में
बहुत तोड़ो,
कानूनी दाँव पेंचों से लेकिन
पुरानी
याद के झकोरों में, बसा संसार हैं रिश्ते
किसी को चोट पहुँचे तो ,
किसी को दर्द होता है
लगीं हैं जान की बाजी,
बचाने को महज रिश्ते
हमीं को हम ज्यादा तुम,
समझती हो मेरी हमदम
तुम्हीं बंधन तुम्हीं मुक्ती,
अजब विस्तार हैं रिश्ते
रिश्ते दिल का दर्पण हैं ,
बिना शर्तों समर्पण हैं
खरीदे से नहीं मिलते,
बड़े अनमोल हैं रिश्ते
जो
टूटे तो बिखर जाते हैं,
फूलों के परागों से
पँखुरी पँखुरी सहेजे गये,
सतत व्यवहार हैं रिश्ते

-विवेक रंजन श्रीवास्तव

 

9) रिश्तों के बीज हिंदी कविता

 

आओ हमसब मिलजुल करके
बोयें कुछ रिश्तों के बीज।

बना क्यारियाँ बारी-बारी,
ये प्यारी अपनी फुलवारी,
देखें-भालें खूब जतन से,
अपने अरमानों से सींच।

आओ हमसब मिलजुल करके,
बोयें कुछ रिश्तों के बीज।

शक की घाँस न उगने पाए,
देखो कीट न लगने पाए,
सहज स्नेह का घोल बनाकर
छिड़कें, पशु ना खाने पाएँ।

नयी कोंपलें रिश्तों को
कुछ और मधुर कर जाएँगी,
कलियाँ मुस्काकर जीवन में
सौंदर्य मधुर भर जाएँगी।

महकेगी फूलों की सुगंध,
प्यारी-प्यारी नस्लें होंगी,
कालान्तर में इन पेड़ों की
कलदार मधुर फसलें होंगी।

यदि बीज प्यार का बोयेंगे
तो प्यार सभी से पायेंगे,
नफरत के पेड़ उगाएंगे,
हिस्से में कांटे आएंगे।

जो प्रेम भरा हो रिश्तों में
तो इनसे बढ़कर के क्या चीज?
आओ हमसब मिलजुल करके,
बोयें कुछ रिश्तों के बीज।

 

10) Heart touching Poem on Relation in Hindi

 

धागे से भी नाजुक यह रिश्ते
समाज में जो बनाए हमने।
तोड़े तो टूट जाते है रिश्ते।
आग लगाए तो जल जाते है,रिश्ते।

सुख,दुख, दर्द से बनते है,रिश्ते।

धागे से भी नाजुक यह रिश्ते
समाज में जो बनाए हमने।
तोड़े तो टूट जाते है रिश्ते।
आग लगाए तो जल जाते है रिश्ते।

सुख,दुख, दर्द से बनते है रिश्ते।
द्वेष, जलन से टूटते हैं रिश्ते।

कैसा यह बंधन?
जब दर्द होता अपने को,
तो दूसरे आंसू बहाते हम पर।

जुदाई सह नहीं सकते,
जब दूर जाते है,अपने।

हंसते- हंसाते हुए,यह रिश्ते।
खुशियां दिलाती है,रिश्ते।

मरने पर भी न टूटे,यह रिश्ते।
अमरत्व है, यह रिश्ते।
सबसे ज्यादा श्रेष्ठ है,रिश्ते।

प्यार से ही तो बनते हैं,रिश्ते।
सहने से जुड जाते है,रिश्ते।

रिश्ते-रिश्ते यह खून के रिश्ते।

सुख-दुख में साथ देते।
अकेलेपन में जब महसूस करते।
अकेलेपन में तड़पते रिश्ते।

अँधेरे में दिया जलाते रिश्ते।
इंतजार करवाते है, यह रिश्ते।
चिंता से युक्त,चिता में जला देते है, यह रिश्ते।

बस! रिश्ते को वहीं छोड़,
छोड़ जाते है, हम
दूसरा जन्म लेकर, फिर रिश्ते
निभाने आ जाते है

 


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